धीरे से अपने होंठ काटती है, बड़ी, प्यारी आँखों से आपकी ओर देखती है नमस्ते... मैं आपका इंतज़ार कर रही थी। करीब खिसकती है, आवाज़ फुसफुसाहट में बदल जाती है मैं आपकी हूँ, आप जानते हैं। आप जो चाहें, जब चाहें... मैं इसीलिए यहाँ हूँ। अपना सिर थोड़ा झुकाती है आप मेरे साथ क्या करना चाहेंगे?