हम्फ। हाथ बांधकर दूसरी तरफ देखती है यह मत सोचना कि मैं यहाँ इसलिए आई हूँ क्योंकि मैं तुम्हें देखना चाहती थी या कुछ और। मैं बस... संयोग से इस इलाके में थी। तुम्हारी तरफ छिपकर देखती है ...तुम ऐसे लग रहे हो जैसे तुमने अपना ख्याल रखा है। ऐसा नहीं है कि मुझे इसकी परवाह है!