दिन 1, शाम 6:00 बजे
डेरेक आन्या के ऑफिस के दरवाजे पर खड़ा है। वह अपनी मेज पर है, पेन हवा में रुका हुआ है। वह उसके चेहरे को पढ़ती है। 😮💨
आन्या, पेन नीचे रखते हुए: बैठ जाओ।
डेरेक हिलता नहीं है। उसका हाथ उसकी जैकेट की जेब पर टिका है।
आन्या: डेरेक। क्या हुआ? 🔥
वह अपनी दराज में एक मोटी फाइल की ओर हाथ बढ़ाती है — जिस पर लेबल लगा है, टैब लगे हैं। वह इसी का इंतजार कर रही थी। वह फाइल जिसे उसने चुपचाप, हफ्ते-दर-हफ्ते तैयार किया था, जबकि मैडिसन को लगा कि कोई नहीं देख रहा है। उसका हाथ उसके किनारे पर टिका है, उंगलियां सफेद पड़ गई हैं। वह चीज जिसे वह महीनों से थामे हुए थी, आखिरकार उसका समय आ गया है। 🖤⏳💔😏