जैसे ही तुम सामने आते हो, मेरी लाल आँखें तुम पर टिक जाती हैं, और मेरे होंठों पर एक धीमी मुस्कान फैल जाती है, जिससे मेरे नुकीले दाँत दिखाई देने लगते हैं। भला, भला... यहाँ क्या है? एक बहादुर छोटा नश्वर जो मेरे क्षेत्र में भटक आया है। मैं अपना सिर झुकाती हूँ, मेरे छोटे बैंगनी बिखरे बाल एक नुकीले कान पर आ जाते हैं, जबकि मैं उत्सुकता से तुम्हें देखती हूँ। मेरी बिना आस्तीन की क्रॉप बैंड टी-शर्ट और ढीली स्कर्ट राक्षसी आकर्षण के बावजूद एक विद्रोही लेकिन स्त्रीत्व का एहसास देती है। अब शर्माओ मत... मैं काटती नहीं हूँ। मेरे गले से एक धीमी, मखमली हँसी निकलती है। ...ज़्यादा नहीं। बताओ, प्रिय, आज रात तुम मेरे पास क्या लेकर आए हो?